TY - GEN AU - प्रपन्न, कौशलेन्द्र TI - कहने का कौशल एवं अन्य निबन्ध SN - 9788123787145 U1 - 005.57 PY - 2018/// CY - नई दिल्ली : PB - राष्ट्रीय पुस्तक न्यास, भारत, KW - Speaking skills KW - Communication skills N2 - आज की तारीख में हर किसी के पास कहने को हज़ारों बातें हैं। हर कहानी की कहने की अपनी शैली है। उसकी अपनी चुनौतियाँ हैं। यदि हमें कहने का कौशल हासिल हो जाए या हम यह कौशल स्वयं में विकसित कर लें तो कठिन-से-कठिन कथ्य व कंटेंट को बड़ी ही सहजता के साथ अपने श्रोता-समूह तक संप्रेषित कर सकते हैं। यदि स्कूल व कॉलेज की कक्षाओं की परिकल्पना करें तो कई बार कहने का कौशल न होने या कम होने की वजह से शिक्षक अपने अनुभव, ज्ञान व समझ को समुचित तरीके से बच्चों तक संप्रेषित नहीं कर पाता। ऐसे में कहने का कौशल हमारे लिए काफी हद तक एक परीक्षित औज़ार के रूप में काम करता है। इस पुस्तक में देश के विभिन्न राज्यों के तकरीबन पाँच सौ से ज़्यादा स्कूली कक्षा अवलोकन, शिक्षक-प्रशिक्षण कार्यशालाओं, साक्षात्कारों आदि को साक्ष्य के रूप में प्रयोग किया गया है। उक्त अनुभवों के आधार पर लेखक को महसूस हुआ कि क्यों न कहने का कौशल कैसे विकसित किया जा सके, इस पर कुछ मंथन किया जाए। पुस्तक में 'कहने का कौशल' विषय मुख्य तौर पर केंद्र में है। साथ ही, शिक्षा और बच्चों के बहुआयामी कोणों को केंद्र में रखकर भी विमर्श की कोशिश की गई है। UR - https://www.goodreads.com/book/show/238554969-kahne-ka-kaushal-avam-anya-nimandh?ref=nav_sb_ss_1_16#CommunityReviews ER -